- गरीब मजदूर और वॉचमैन को बनाती है निशाने
मुंबई (सं.भा.) कांदिवली पश्चिम के चारकोप गांव में एक कथित नशेड़ी महिलाकी उलूल – जुलूल हरकतों से स्थानीय लोगों में भय और आक्रोश का माहौल है। रहिवासियों का आरोप है कि शराब की लत ने उसे इस कदर आक्रामक बना दिया है कि वह आए दिन गरीब मजदूरों, सुरक्षा गार्डों और राहगीरों से शराब पीने के लिए पैसों की मांग करती है। विरोध करने वालों को कथित तौर पर झूठे मामले में फंसाने की धमकी देती है। रविवार को सामने आई ताजा घटना के बाद लोगों ने चारकोप पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए हैं।
रहिवासियों के अनुसार, ‘सोनी’ नाम से पहचानी जाने वाली महिला अक्सर चारकोप मच्छी मार्केट बस स्टॉप, शांति अपार्टमेंट, पार्किंग क्षेत्र, रिक्शा स्टैंड और मैहर कॉम्प्लेक्स स्थित गार्डन के आसपास बैठी रहती है। आरोप है कि वह वहां आने-जाने वाले गरीब मजदूरों, सुरक्षा गार्डों और अन्य लोगों से शराब पीने के लिए पैसों की मांग करती है। यदि कोई पैसे देने से इनकार करता है तो वह धमकी देने पर उतारू हो जाती है। भुक्त भोगियों का कहना है कि वह महिला सीधे सीधे धमकी देती है कि ‘अगर पैसा नहीं दिया तो तुझे झूठे केस में फंसा दूंगी और कह दूंगी कि तूने मेरे साथ गलत किया है।’ स्थानीय लोगों का कहना है कि इसी डर से कई पीड़ित उसके खिलाफ खुलकर शिकायत करने से भी बचते हैं।
रविवार सुबह मैहर कॉम्प्लेक्स स्थित गार्डन में ड्यूटी कर रहे एक वॉचमैन के साथ मारपीट कर उसका मोबाइल फोन छीन लिया। आरोप है कि मोबाइल वापस करने के बदले महिला ने ₹200 की मांग की। घटना की जानकारी मिलते ही मैहर कॉम्प्लेक्स के रहिवासी मौके पर पहुंचे और तत्काल पुलिस कंट्रोल रूम (100 नंबर) पर सूचना दी। स्थानीय लोगों का आरोप है कि सूचना देने के बावजूद पुलिस करीब आधे घंटे बाद मौके पर पहुंची और महिला को चारकोप पुलिस स्टेशन ले गई। हालांकि, उनका दावा है कि कुछ समय बाद उसे छोड़ दिया गया, जिससे लोगों में पुलिस की कार्रवाई को लेकर नाराजगी बढ़ गई।
स्थानीय लोगों का कहना है कि महिला की कथित शराब की लत अब पूरे इलाके के लिए परेशानी का कारण बन गई है। आरोप है कि दिनभर वह अलग-अलग स्थानों पर लोगों से शराब पीने के लिए पैसे मांगती रहती है, जबकि रात के समय कुछ अन्य नशा करने वाले लोगों के साथ रिक्शा और सार्वजनिक स्थानों पर बैठकर शराब पीती नजर आती है। इससे क्षेत्र का माहौल लगातार बिगड़ रहा है और सबसे अधिक परेशानी गरीब मजदूरों, सुरक्षा गार्डों तथा रोज कमाने-खाने वाले लोगों को उठानी पड़ रही है।
रहिवासियों ने मुंबई पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने, क्षेत्र में नियमित गश्त बढ़ाने तथा यदि आरोप सही पाए जाते हैं तो संबंधित महिला और उसके साथ जुड़े असामाजिक तत्वों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है। लोगों का कहना है कि समय रहते प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई तो भविष्य में कोई बड़ी अप्रिय घटना हो सकती है।


