- पत्नी ने पीएम-सीएम से लगाई गुहार
उन्नाव (सं. भा.) सदर कोतवाली क्षेत्र के एक मोहल्ले का रहने वाला युवक पिछले तीन साल पहले घर से निकला और वापस नही लौटा। पतिजन उसकी तलाश करते रहे लेकिन कुछ पता नही चल सका। अब तीन साल बाद अब पाकिस्तान दूतावास ने भारतीय एम्बेसी ने जानकारी मांगी है और लाहौर जेल में बन्द होने की बात बताई है। राजस्व ओर पुलिस की जांच में युवक के यही पर रहने की पुष्टि हुई है। अब पत्नी ने पीएम, सीएम से गुहार लगाकर पति की वतन वापसी की मांग की है। बेटा भी पिता के इंतजार में परेशान है ओर माँ का बुरा हाल है।
कोतवाली क्षेत्र के अक्रमपुर स्तिथ सुलतानखेड़ा वार्ड नम्बर 48 के रहने वाले सूरजपाल (45) पुत्र उमाशंकर मानसिक रूप से परेशान रहता था। जिसका कानपुर के एक निजी डॉक्टर से उपचार भी चलता था। मानसिक परेशानी के चलते वह कभी कभी घर से निकल जाता था और एक दो दिनों बाद वापस लौट आता था। लेकिन करीब तीन साल पहले वह घर से निकला तो वापस ही नही लौटा। जिसके बाद उसकी पत्नी सुरजा देवी (45) व बेटा पिन्टू (18) ने काफी दिनों तक आस पास गांव, रिश्तेदारों के यंहा जाकर जानकारी हासिल की लेकिन कुछ पता नही चल सका। थक हार कर परिजनों ने उम्मीद छोड़ दी। 18 नवंबर 2020 को पिता उमाशंकर की भी मौत हो गई। जिससे परिवार पर जिम्मेदारियां ओर बढ़ गई। इधर तीन साल बाद अब पाकिस्तान एम्बेसी ने भारतीय दूतावास से सम्पर्क किया है। जिसमे सूरजपाल को लेकर पूरी जानकारी मांगी है। एम्बेसी ने जानकारी दी कि बिना किसी पासपोर्ट ओर अनुमति के पाकिस्तान की सीमा प्रवेश करने के जुर्म में सूरजपाल को लाहौर जेल में बन्द रखा गया है। यदि वह मानसिक रूप से परेशान है या विक्षिप्त है तो इसकी पूरी जानकारी दे। दूतावास ने सम्बंधित जिले को पत्र भेजकर पूरे प्रकरण से अवगत कराया है। फिलहाल जाँच के बाद रिपोर्ट भेजी जाएगी। उसके बाद आगे की कार्यवाही दूतावास तय करेगा।

वही एडीएम नरेंद्र सिंह ने बताया कि सूरजपाल पिता का नाम उमा शंकर है अकरमपुर में सुल्तान खेड़ा है कोतवाली क्षेत्र अंतर्गत सदर तहसील का गांव है वहीं के रहने वाले हैं उनके विषय में पूछा गया था कि कहां के रहने वाले हैं सत्यापन करने के लिए आया था देखा गया कि उनके नाम से जमीन है उनकी पत्नी है उनके बच्चे हैं नागरिकता के बारे में जानकारी मांगी गई थी। चिट्ठी लिखकर रिपोर्ट तलब की गई है। जल्द ही पूरी जानकारी एंबेसी भेजी जाएगी।


