मुंबई (सं. भा.) । कभी मुंबई पुलिस आयुक्त की कुर्सी पर बैठ कर पुरे मुंबई पर राज करने वाले परमबीर सिंह से उनके ग्रह नाराज हो गए है शायद इसी लिए पूर्व मुंबई पुलिस कमिश्नर परमबीर सिंह की मुश्किलें लगातार बढ़ती जा रही हैं। इस बार कार डिजाइनर दिलीप छाबड़िया ने सिंह पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि बर्खास्त सहायक पुलिस निरीक्षक सचिन वझे ने परमबीर सिंह के कहने पर फिरौती वसूल की।
कार डिजाइनर दिलीप छाबड़िया को सचिन वझे ने ही गिरफ्तार किया था. छाबरिया ने मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे को पत्र लिखकर आरोप लगाया है कि किरण कुमार, मेरी डीसीपीडीएल कंपनी में 52 फीसदी हिस्सेदारी रखने वाले इंदरमल रमानी और सीआई यूनिट के पुलिस अधिकारियों ने उनके खिलाफ झूठे मामले दर्ज कर फिरौती लेने की कोशिश की। परमबीर सिंह के कहने पर ही सचिन वझे और रियाज़ काज़ी ने मेरी और मेरे परिवार की संपत्ति और व्यवसाय को हथियाने की कोशिश की थी। 2015 में मैंने डीसी अवंती स्पोर्ट्स कार को डिजाइन कर लॉन्च किया। मुझे कार के निर्माण के लिए एक निवेशक की जरूरत थी। किरण कुमार मुझसे मिला और मेरी कंपनी में निवेश करने का वादा किया। मैंने खुद अपनी कंपनी में 60 करोड़ रुपये का निवेश किया था। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि कंपनी के अधिकांश भागीदार कंपनी के प्रबंधन और वास्तविक कार्य में सहयोग नहीं कर रहे थे। छाबड़िया के मुताबिक ऐसा इसलिए था क्योंकि इंदरमल रमानी उनसे जबरन वसूली करने में विफल रहे, इसलिए उन्होंने परमबीर सिंह की मदद से उनके खिलाफ झूठा मामला दर्ज किया और उन्हें गिरफ्तार कर लिया।


