- युवा सेना की मांग को शिक्षा उपनिदेशक ने माना
मुंबई (सं. भा.) गणेशोत्सव के दौरान स्कूली छात्रों की लिखित और मौखिक परीक्षाएं नहीं आयोजित की जाएगी। शिवसेना (यूबीटी) युवा सेना की मांग पर शिक्षा उपनिदेशक ने स्कूलों को स्पष्ट निर्देश दिया है कि गणेशोत्सव के दौरान कोई लिखित या मौखिक परीक्षा न ली जाए। इस संबंध में शिक्षा उपनिदेशक ने आदेश जारी किया है। शिवसेना युवा सेना ने शिक्षा उपनिदेशक को इस दौरान परीक्षा न आयोजित कराने का अनुरोध किया था। युवा सेना की मांग को स्वीकार करते हुए शिक्षा उपनिदेशक संदीप सांगवे ने परीक्षा आयोजित नहीं करने का आदेश जारी किया।
कई अभिभावकों ने भी की थी मांग : कई अभिभावकों ने सेना युवा प्रमुख विधायक आदित्य ठाकरे से राज्य में 19 से 28 सितंबर तक मनाए जाने वाले गणेशोत्सव के दौरान किसी भी तरह की परीक्षा न कराने की मांग की थी। इस मांग पर संज्ञान लेते हुए युवा सेना के पूर्व प्रबंधन परिषद सदस्य प्रदीप सावंत और राजन कोलंबेकर ने बीएमसी शिक्षा अधिकारी राजू तडवी और शिक्षा उप निदेशक संदीप सांगवे को एक पत्र लिखा मुंबई सहित महाराष्ट्र में सभी त्यौहार बड़े उत्साह के साथ मनाए जाते हैं, लेकिन कुछ कॉन्वेंट स्कूल जानबूझकर इस अवधि के दौरान स्कूली छात्रों की लिखित व मौखिक या व्यावहारिक परीक्षा आयोजित करने का प्रयास करते हैं, इसलिए पत्र में मांग की गई है कि ऐसे स्कूलों को त्योहार के दौरान कोई परीक्षा आयोजित न करने का निर्देश दिया जाए।

गणेशोत्सव में गांव जाते हैं लोग
गणेशोत्सव के दौरान मुंबई से कोंकणवासी अपने परिवारों के साथ गांव जाते हैं। स्कूलों में 5 दिन की गणपति छुट्टी दी जाती है। लेकिन खराब सड़कों के कारण गांव से लौटना बहुत मुश्किल होता है, इसलिए युवा सेना की ओर से गणेशोत्सव के दौरान परीक्षा आयोजित न करने की मांग की गई थी। इसके तहत परीक्षा न कराने का आदेश जारी किया गया है।


