मुंबई (सं. भा.) : मुंबई में आग लगने की घटनाओं में वृद्धि देखी जा रही है। ऐसे में आम आदमी के अलावा शासन – प्रशासन के पेशानी पर बल पड़ना स्वाभाविक है। मुंबई में आग की बढ़ती घटनाओं को देखते हुए मुंबई फायर ब्रिगेड खुद को सक्षम और अपडेट करने में जुटा है। इस वर्ष के आखिर तक दो फायर स्टेशन बनकर तैयार हो जाएंगे, जबकि तीन का काम जल्द ही शुरू कर दिया जाएगा।
मनपा के एक अधिकारी ने बताया कि मुंबई में हाईराइज इमारतों की संख्या तेजी से बढ़ रही है। इसके अलावा झोपड़पट्टी इलाकों में आग लगने की घटनाएं भी बढ़ी हैं। मुंबई में भारी ट्रैफिक से गुजर कर समय पर घटना स्थल पर पहुंचना किसी चुनौती से कम नही है। इसलिए जिन इलाकों में फयर स्टेशन दूर हैं, वहां नए स्टेशन स्थापित किए जाएंगे। अधिकारी ने कहा कि कांदिवली में बन रहा फायर स्टेशन सितंबर के पहले सप्ताह और कांजूर मार्ग में तैयार हो रहा फायर स्टेशन दिसंबर में कार्यरत हो जाएगा।

फिलहाल मुंबई में 35 बड़े और 19 छोटे फायर स्टेशन हैं। अब इनमें पांच और फायर स्टेशन जुड़ जाएंगे। कांदिवली पूर्व के ठाकुर विलेज और कांजुरमार्ग पश्चिम एल.बी.एस. रोड पर फायर स्टेशन का कार्य 90 प्रतिशत पूरा हो चुका है, जबकि जुहू तारा रोड, चेंबूर माहुल रोड और सांताक्रुज पश्चिम के तिलक नगर में नए फायर स्टेशनों का काम अक्टूबर में शुरू किया जाएगा। मुंबई में हर वर्ष करीब 9000 आग की घटनाएं दर्ज की जाती हैं। इस वर्ष अब तक आग लगने की 3 हजार 192 घटनाएं दर्ज की गई हैं, जिसमें आठ लोगों की मौत हो गई है। 113 लोग घायल भी हुए हैं। मुंबई में आग लगने की 80 प्रतिशत घटनाएं शॉर्ट सर्किट के कारण होती हैं।


