spot_img
Homeमहाराष्ट्रमुंबईविधायक के तेवर भी बेअसर! आखिर किसके संरक्षण में चल रहा गार्डन...

विधायक के तेवर भी बेअसर! आखिर किसके संरक्षण में चल रहा गार्डन खेल?

मुंबई के बोरीवली इलाके में महानगरपालिका के उद्यान विभाग पर भ्रष्टाचार, मिलीभगत और लापरवाही के गंभीर आरोप सामने आए हैं। आरोप है कि अलग-अलग ठेकेदारों के नाम पर टेंडर जारी किए जाते हैं, लेकिन जमीनी स्तर पर पूरा काम एक ही नेटवर्क और खास व्यक्ति “यूपी सिंह” के जरिए कराया जा रहा है। इस पूरे मामले ने टेंडर प्रक्रिया की पारदर्शिता और विभागीय कार्यप्रणाली पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं।

स्थानीय नागरिकों का दावा है कि बोरीवली के कई उद्यानों में मेंटेनेंस, सफाई और सिक्योरिटी से जुड़े काम वर्षों से एक ही नेटवर्क के जरिए संचालित हो रहे हैं। आरोप है कि टेंडर भले अलग-अलग कंपनियों या ठेकेदारों के नाम पर जारी किए जाते हों, लेकिन असल काम “यूपी सिंह” के माध्यम से ही कराया जाता है। वहीं झाड़ू खाते का काम मुकदम बादल नामक व्यक्ति के जरिए करवाए जाने की भी चर्चा है। स्थानीय स्तर पर यह भी आरोप लगाए जा रहे हैं कि संबंधित व्यक्ति की नागरिकता को लेकर भी सवाल उठते रहे हैं, हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हो सकी है।

सबसे गंभीर मामला अरुण कुमार गार्डन से सामने आया है, जहां रोज सुबह शराब की बोतलों का ढेर दिखाई देने का दावा किया जा रहा है। स्थानीय लोगों के अनुसार, गार्डन में देर रात तक नशेड़ियों का जमावड़ा लगा रहता है, जिससे महिलाओं, बुजुर्गों और बच्चों की सुरक्षा पर खतरा पैदा हो गया है।

लोगों का कहना है कि कई बार शिकायतें किए जाने के बावजूद सुरक्षा व्यवस्था में कोई सुधार नहीं हुआ। तैनात सुरक्षा कर्मियों की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठ रहे हैं। आरोप है कि कुछ गार्डनों में सिक्योरिटी केवल कागजों पर मौजूद है, जबकि जमीनी स्तर पर कोई प्रभावी निगरानी नजर नहीं आती।

मामले को लेकर जब बोरीवली के उद्यान अधीक्षक से सवाल किए गए तो उनका जवाब गोलमोल बताया जा रहा है। उन्होंने न तो आरोपों को स्पष्ट रूप से खारिज किया और न ही किसी ठोस जांच या कार्रवाई की जानकारी दी। इससे स्थानीय लोगों के बीच संदेह और गहरा गया है कि कहीं विभागीय अधिकारियों और संबंधित नेटवर्क के बीच मिलीभगत तो नहीं।

सूत्रों का दावा है कि यह पूरा नेटवर्क कुछ पुराने अधिकारियों से भी जुड़ा हुआ है, जिसके चलते शिकायतों के बावजूद कार्रवाई आगे नहीं बढ़ पा रही है। यही वजह है कि स्थानीय विधायक के सख्त रुख और लगातार उठाए जा रहे मुद्दों के बावजूद भी बोरीवली के कई गार्डनों की व्यवस्था में सुधार नहीं दिखाई दे रहा।

अब सबसे बड़ा सवाल यह उठ रहा है कि यदि टेंडर प्रक्रिया में पारदर्शिता बरती जा रही है तो अलग-अलग ठेकेदारों के नाम पर जारी काम आखिर एक ही व्यक्ति के जरिए क्यों कराए जा रहे हैं? स्थानीय नागरिकों ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर जिम्मेदार अधिकारियों और संबंधित लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।

 

अगली स्टोरी में पढ़िए…

अंधेरी से दहिसर तक आखिर किन अधिकारियों के संरक्षण में चल रहा है “यूपी सिंह” का नेटवर्क? गार्डन विभाग में किसके इशारे पर मिल रहे हैं लगातार काम? कौन हैं वो अधिकारी, जिन पर “पार्टनरशिप” के आरोप लग रहे हैं? टेंडर सिस्टम के पीछे का पूरा खेल और अंदरखाने की सेटिंग का बड़ा खुलासा…

जल्द पढ़िए हमारी विशेष पड़ताल।

RELATED ARTICLES

Most Popular

WP2Social Auto Publish Powered By : XYZScripts.com