550 करोड़ की लागत से हटेगी लाखों टन गाद
मुंबई (सं. भा.) – इस साल मुंबई में नाला सफाई का कार्य मार्च से शुरू किया जाएगा। बीएमसी ने इसकी टेंडर प्रक्रिया पूरी कर ली है और 26 में से 25 टेंडर के लिए ठेकेदारों ने रुचि दिखाई है। बीएमसी के वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि अन्य आवश्यक प्रक्रियाएं भी जल्द पूरी कर ली जाएंगी, ताकि कार्य समय पर शुरू हो सके।
मुंबई की जल निकासी व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए नाला सफाई का ठेका दो वर्षों के लिए दिया गया है, जिस पर 550 करोड़ रुपये खर्च होने का अनुमान है। इस परियोजना के तहत मार्च 2026 तक कुल 12 लाख 16 हजार 900 मीट्रिक टन गाद हटाने का लक्ष्य रखा गया है।

इस साल 80 प्रतिशत गाद मई तक निकालने की योजना है, जबकि शेष 20 प्रतिशत में से 10 प्रतिशत मॉनसून के दौरान और अंतिम 10 प्रतिशत मॉनसून के बाद हटाई जाएगी। शहर में 309 बड़े नाले और 1,508 छोटे नाले हैं, जिनसे जल निकासी की जाती है। इसके अलावा, बारिश का पानी 1,380 नालियों और पांच नदियों के माध्यम से समुद्र में प्रवाहित होता है। बीएमसी हर साल मीठी नदी सहित अन्य जलधाराओं से भी गाद निकालने का कार्य करती है, ताकि जलभराव की समस्या को रोका जा सके।
बीएमसी का यह कदम मुंबई को मानसून में जलभराव से बचाने के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है। अब देखना होगा कि क्या इस साल सफाई कार्य समय पर पूरा हो पाएगा या हर साल की तरह देरी और अनियमितताओं का शिकार होगा।


