बांदा (सं. भा.)। शहर में कई मोहल्लों एवं सड़कों के किनारे सौर ऊर्जा से चलने वाली स्ट्रीट लाइटों कि व्यवस्था तो की गई है। लेकिन अधिकांश स्ट्रीट लाइट खराब पड़ी हैं। करीब शहर के 10 मोहल्लों में स्ट्रीट लाइट खराब हैं। अगर कुछ ठीक भी हैं तो उनका कवर टूटा है। कई जगह स्विच ही खराब पड़े हैं, किसी का सौर पैनल ही गायब हो चुके है। कई सौर ऊर्जा से चलने वाले स्ट्रीट लाइट कि बैट्री तक चोरी हो चुकी है। नगर पालिका क्षेत्र में 31 वार्ड हैं। जिसमे से झील का पुरवा में करीब पांच स्ट्रीट लाइट खराब हो चुकी है जो रात में जलते ही नहीं हैं। यही हाल अन्य मोहल्लों का है।
नगर पालिका क्षेत्र के इंदिरा नगर, डीएम कालोनी, क्वेटरा, गंगोत्री नगर समेत अन्य मोहल्ले में करीब 10 से अधिक स्थानों पर स्ट्रीट लाइट खराब है। इन मोहल्लों में कही लाइट जलती भी है तो उसका स्विच खराब है। ऐसे में दिन में भी लाइट जलती रहती है। पथ प्रकाश की बेहतर व्यवस्था नहीं होने से कई मोहल्लों में सड़कों पर अंधेरा रहता है। पथ प्रकाश की व्यवस्था को लेकर नगर पालिका प्रशासन गंभीर नहीं है। खराब पड़ी स्ट्रीट लाइटों को ठीक कराने में कोई रूचि नहीं ले रहा है। रात के समय सड़क से लोगों को अंधेरे में होकर जाना पड़ता है। वही नगर पालिका अध्यक्ष मोहन साहू ने बताया कि स्ट्रीट लाइट खराब होने पर ठीक कराया जाता है। अगर कहीं स्ट्रीट लाइट खराब पड़ी है। तो उसे ठीक करा दिया जाएगा। नगर में लोगों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए हर संभव कोशिश की जा रही है।


