मुंबई (सं. भा.)। मुंबई में ९ और १० जून को हुई बारिश के बाद शहर में फिर से सूखा-सा पड़ गया है। शहर में मानसून की हुई पहली बारिश के बाद से मुंबई के अस्पतालों में डेंगू के मरीजों के आने की शुरुआत हो गई है। शहर के कुछ निजी अस्पतालों में डेंगू से ग्रसित २ से ३ मरीज मिल रहे हैं।
बता दें कि डेंगू एडीस इजिप्टी मच्छर के काटने से होता है। यह मच्छर साफ व स्थिर पानी में अपने लार्वा छोड़ते है। कीटनाशक विभाग की मानें तो मच्छरों के प्रजनन का यह सही समय है। विगत ४ दिनों से बारिश नहीं हो रही है। जहां भी साफ पानी का जमाव हुआ होगा, वह जगह मच्छरों के प्रजनन के लिए अनुकूल है। यदि सही समय पर इन ठिकानों को नष् नहीं किया गया तो इसमें पैदा होनेवाले मच्छरों के दंश से लोग डेंगू से ग्रसित हो सकते हैं। कई अस्पतालों में डेंगू से ग्रसित मरीजों का आना भी शुरु हो गया है।
शहर में इस वर्ष मई तक डेंगू के कुल ३८ मामले सामने आए हैं। हालांकि मानसून की शुरुआत के बाद डेंगू मरीजों की संख्या काफी बढ़ जाती है।


