मुंबई (संवाददाता)। कांदिवली (प.) गांधीनगर, केडी कंपाउंड और इस्लाम कंपाउंड में अमित रुपारेल की कंपनी सिद्धिविनायक इंफ्रास्ट्रक्चर तहत एसआरए स्कीम चल रही है। जिसके मनमानी करने के खिलाफ रहिवासी विरोध कर रहें है। विकासक अमित रुपारेल के मनमानी भरे रवैए के खिलाफ संगठन भारत ने खबर छापा है। सच्ची खबर से बौखलाया बिल्डर ने डरवाने के लिए नोटिस भेजा है।
कांदिवली (प.) के झोप़डपट्टी इलाके में अमित रुपारेल नामक बिल्डर एसआरए स्कीम का काम कर रहा है। अमित रुपारेल के कार्यप्रणाली से नाखुश रहिवासी बगावत कर रहे है। आए दिन बस्ती में मोर्चा-धरना प्रदर्शन होते दिखाई देता है। अमित रुपारेल के खिलाफ अदालत, पुलिस, कलेक्टर, मनपा और एसआरए विभाग में अनेकों शिकायत लोगों ने किया है। आम जनता के बिच से निकलने वाले मुद्दे की सच्ची बात को संगठन भारत छाप रहा है। अखबार की आवाज को दबाने के लिए रुपारेल ने नोटिस भेजा हैं। संगठन भारत निर्भिक अखबार है और चौथे स्तम्भ को छोटा सा प्रहरी है। यह डरने वाला नहीं है। अमित रुपारेल से जानना चाहता हूँ कि तमाम लोग हाथ में बैनर पोस्टर लेकर विरोध कर रहे है वह झूठ है, कई लोग अदालत में पहुंचे है वह झूठ हैं। अनेकों लोग मनपा, पुलिस, कलेक्टर में शिकायत दर्ज कर रहे है वह भी झूठ है। तो बताओं सच क्या है? पुलिस के पहरे में सर्वे हो रहा है लोग उसके खिलाफ आवाज उठाएं तो अखबार कैसे गूंगा, बहरा और अंधा बन सकता है। अखबार को नोटिस भेजने की खबर मिलते ही जय हिंद गांधी नगर के अनेकों लोग साथ देने के लिए अखबार के कार्यालय पर मिल रहे है, और कुछ लोग फोन कर संपर्क मे बनें हैं। लोग कह रहे है अखबार ने बिल्कुल सही खबर छापा है।
अमित रुपारेल कुछ बिकाऊ लोगों के बल पर अपने स्वार्थ को सिद्ध कर सकता है, लेकिन अखबार और न्यूज चैनलों के दुनियां को बस में नही रख सकता। खबरें जनता के बीच से आती है। और अखबार भी जनता की होती है।
कई अखबार, कई पत्रकार संगठन तथा बहुत पत्रकारों ने हमें साहस दे रहे है उनका साथ मेरी ताकत है। पत्रकार के संगठनों ने रुपारेल के रवैए के खिलाफ आंदोलन करने को कहा है।


