विरार (सं.भा.) : मुंबई उपनगरीय रेल नेटवर्क में हर वर्ष रेल पटरियां पार करने और लापरवाही के कारण होने वाले हादसों में कई लोगों की जान चली जाती है। इन दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाने और यात्रियों में रेल सुरक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से रेलवे सुरक्षा बल (RPF) और राजकीय रेलवे पुलिस (GRP) ने पश्चिम रेलवे के विरार रेलवे स्टेशन पर अनोखे अंदाज में विशेष जागरूकता अभियान चलाया। ‘शून्य मृत्यु दुर्घटना’ अभियान के तहत आयोजित इस कार्यक्रम में ‘यमराज’ का प्रतीकात्मक रूप धारण कर यात्रियों को रेल पटरी पार न करने का संदेश दिया गया।
अभियान के दौरान विरार रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म, फुट ओवर ब्रिज (एफओबी) और स्टेशन परिसर में यात्रियों से सीधे संवाद किया गया। ‘यमराज’ के वेश में मौजूद कलाकार ने लोगों को समझाया कि कुछ सेकंड बचाने के लिए रेलवे ट्रैक पार करना उनकी जान के लिए खतरा बन सकता है। अधिकारियों ने यात्रियों से अपील की कि वे अपनी सुरक्षा के लिए केवल रेलवे द्वारा उपलब्ध कराए गए फुट ओवर ब्रिज (एफओबी), सबवे और लिफ्ट का ही उपयोग करें तथा किसी भी परिस्थिति में रेल पटरी पार न करें।
इस दौरान यात्रियों को जन विश्वास (उपबंधों का संशोधन) अधिनियम-2026 के तहत रेल पटरी पार करने पर लगाए जाने वाले जुर्माने और अन्य कानूनी प्रावधानों की भी जानकारी दी गई। अधिकारियों ने कहा कि रेलवे ट्रैक पार करना न केवल कानून का उल्लंघन है, बल्कि यह जानलेवा भी साबित हो सकता है।
आरपीएफ निरीक्षक जे.पी. मीणा के नेतृत्व में आयोजित इस संयुक्त अभियान में आरपीएफ विरार, जीआरपी विरार, रेलवे स्टेशन स्टाफ और पोर्टरों ने सक्रिय भागीदारी निभाई। अधिकारियों ने बताया कि यात्रियों में सुरक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाने और रेल दुर्घटनाओं में कमी लाने के लिए भविष्य में भी विरार रेलवे स्टेशन सहित अन्य स्टेशनों पर इस प्रकार के अभियान लगातार चलाए जाएंगे।


