(पब-क्लब की महफिल – Part 01)
राजकिशोर तिवारी
मुंबई। लेडीज बारों का एक ओर रात रंगीन दौर रहा जिसको देखने आज भी मुंबई के बाहर से भी लोग आते है। इसी दौर में नवयुवकों के लिए “डिस्को” का कल्चर भी आकर्षित करता था। खैर..अब मुंबई में बड़ी ही तेजी से ‘पब’ फैशन ने अपना कब्जा जमाना शुरू कर दिया है।
गौरतलब मुंबई सहित विभिन्न उपनगरों में फैलता ‘पब’ फैशन पश्चिमी उपनगर के अंधेरी से मलाड अंतर्गत कई रिहायशी इलाकों में भी नजर आ रहा है। ऐसे ‘पबों’ और ‘क्लबो’ की संख्या बहुत ही ज्यादा हो गई है।
मालाड में इन दिनों लिंक रोड स्थित ‘एजेंट जेक’ की चर्चा जोरो पर है, जोकि क्रोमा ईलेक्ट्रॉनिक दुकान के ऊपर स्थित है। इस पब में क्रोमा के अंदर से ही जाना पड़ता है। इसका किचन,अंदर हॉल बड़ा दिखे इसके लिए मनपा नियमावली प्लान की धज्जियां उड़ा दिया गया है। ‘शराब’ की ‘मस्ती’ पर जुआ भी खेला जाता है…हर घंटे में शराबो का दाम चढ़ता और उतरता रहता है। नाबालिकों, किशोरी लड़कों, लड़कियो का अंदर जमावड़ा लगा रहता है।
पढ़ते रहिये.. हमारे साथ… ‘पब-क्लब की महफिल ̓….


