मुंबई (सं. भा.) आये दिन मुंबई की ऊँची इमारतों में होने वाली आगजनी मनपा के फायर ब्रिगेड के लिए परेशानी का सबब बनती है आधुनिक उपकरणों के कमी के चलते फायर विभाग के जवानों को काफी मसक्कत करनी पड़ती है जिसके चलते कभी –कभी उनकी जान भी चली जाती है. मुंबई में अग्नि सुरक्षा के लिए फायर ब्रिगेड रोजाना अत्याधुनिक उपकरणों की खरीद का प्रयास कर रहा है. नए उपकरण लाकर बल को सशक्त बनाने का प्रयास किया जा है. बीएमसी प्रशासन विशेष वाहनों के अलावा श्वसन उपकरण के लिए 9 करोड़ 90 लाख रुपये का प्रस्ताव स्थायी समिति के सामने मंजूरी के लिए लाई है. मुंबई के नागरिकों के जीवन और संपत्ति की रक्षा के लिए मुंबई फायर ब्रिगेड के 6 क्षेत्रीय कमान केंद्रों के नेतृत्व में 35 दमकल स्टेशनों, 18 छोटे स्टेशनों और 258 से अधिक वाहनों की एक टुकड़ी काम कर रही है..
स्थायी समिति में लाया गया प्रस्ताव
मुंबई के बुनियादी ढांचे का विस्तार किया जा रहा है. तेजी से हो रहे शहर के विकास और उंची इमारतों में आग बुझाने की चुनौती बढ़ती जा रही है. फायर ब्रिगेड में वर्तमान में दो एयर कम्प्रेसर हैं. जो कि वडाला और विक्रोली के केंद्रों पर स्थापित हैं. यह कंप्रेशर अक्सर टूट जाते हैं जिससे कामकाज पर विपरीत परिणाम पड़ता है. लाइन के नीचे हवा के बर्तनों को भरने के लिए 2015 में छोटे आकार के एयर कम्प्रेसर से लैस छह श्वासयंत्र खरीदे गए थे.
हालांकि, मुंबई में आग की बढ़ती घटनाओं और उन पर बढ़ते तनाव के कारण वे भी खराब हो रहे हैं. इस लिए फायर ब्रिगेड के लिए विशेष यंत्रों के खरीदने का प्रस्ताव लाया गया है. पश्चिमी उपनगर, शहर और पूर्व उपनगर के लिए तीन इकाइयों की खरीद की जाएगी..


