उन्नाव (सं. भा.) खबर उन्नाव से है जहां एक फर्जी पुलिसकर्मी, असली पुलिस के हत्थे चढ़ा गया। उन्नाव पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर चलाए जा रहे अपराध और अपराधियों के खिलाफ अभियान में हसनगंज थाना पुलिस ने चेकिंग के दौरान एक फर्जी पुलिस जो कि मुख्य आरक्षी की वर्दी पहने हुआ था उसको गिरफ्तार किया है। पूछताछ में उसने बताया कि वह रायबरेली में तैनात है जानकारी की गई तो उसकी तैनाती नहीं पाई गई और उसने बताया कि वह मजदूरी करता था वर्दी खरीदकर पुलिसकर्मी बन गया। थाना पुलिस ने पकड़े गए युवक के खिलाफ गम्भीर धाराओं में मुकदमा पंजीकृत कर जेल भेजने की कार्रवाई की है।

हसनगंज कोतवाली प्रभारी राजेश सिंह थाना क्षेत्र के अकबरपुर मोहिनी खेड़ा मोड़ के पास चेकिंग कर रहे थे इसी दौरान मुखबिर के जरिए सूचना मिली थी पुलिस की वर्दी पहन कर एक युवक घूम रहा है जो संदिग्ध है। इसके बाद पुलिसकर्मी उसके पास पहुंचे तो वह मुख्य आरक्षी की वर्दी पहने हुए पाया गया। नेम प्लेट पर विमलेश कुमार पीएनो 162350556 अंकित था। पुलिसकर्मियों ने पूछताछ की तो वह डर गया पूछताछ में उसने अपना पता विमलेश कुमार पुत्र गईलू निवासी नयागांव संडीला बेनीगंज देहात जनपद हरदोई बताया। पुलिसकर्मियों ने उससे उसकी तैनाती पूछे तो उसने बताया कि वह रायबरेली के महाराजगंज थाना में तैनात है। तीन दिवस छुट्टी लेकर घर आया है इसको लेकर पुलिस ने महाराजगंज थाना पुलिस से संपर्क कर जानकारी की तो उन्होंने तैनाती ना होने की बात कही। कड़ाई से पूछताछ करने पर उसने बताया कि यह वर्दी लखनऊ से ढाई हजार रुपये में खरीदी थी और वह मजदूरी करता है। पुलिस ने इस फर्जीवाड़े के आरोप में हसनगंज कोतवाली में उसके खिलाफ एफआईआर दर्ज कर जेल भेजने की कार्यवाही की है।


