पिछले साल से 30% अधिक
मुंबई (स भा): शनिवार को दही हांडी उत्सव में गोविंदाओं के जोश और उत्साह के बीच हादसों की संख्या ने त्योहार की खुशियों पर असर डाला। इस साल दही हांडी के मौके पर घायलों की संख्या 318 तक पहुंच गई है, जो पिछले साल की तुलना में 30 प्रतिशत अधिक है। कोविड काल के बाद यह अब तक का सबसे बड़ा आंकड़ा है।
घायलों का आंकड़ा बढ़ा
पिछले साल दही हांडी फोड़ने के चक्कर में 245 लोग चोटिल हुए थे, जबकि इस साल यह संख्या 318 हो गई है। केईएम अस्पताल के अधीक्षक डॉ. मोहन देसाई ने बताया कि हमारे अस्पताल में फिलहाल 6 मरीज भर्ती हैं, जिनमें से 5 को फ्रैक्चर और 1 को सिर में चोट लगी है। जिन मरीजों को सर्जरी की जरूरत थी, उनकी सर्जरी कर दी गई है। अच्छी बात यह है कि सभी का स्वास्थ्य स्थिर है। कूपर अस्पताल के अधीक्षक डॉ. देवीदास शेट्टी ने बताया कि उनके पास भी घायल गोविंदाओं को लाया गया था, लेकिन किसी को भी गंभीर चोट नहीं है।
आर्यन को आया होश
मालाड के 9 वर्षीय आर्यन को पिरामिड से गिरने के बाद कांदिवली स्थित शताब्दी अस्पताल में भर्ती किया गया था। सिर पर चोट लगने के कारण आर्यन बेहोश था। रविवार को उसे होश आया और फिलहाल उसकी हालत स्थिर है।
बाल-बाल बची जान
एक अन्य घटना में, बैंडस्टैंड में प्रैक्टिस के दौरान 9 साल का एक बच्चा 20 फीट की ऊंचाई से गिर गया। उसे गंभीर चोटें आईं और लीलावती अस्पताल में भर्ती कराया गया। जांच में उसके सिर और कंधे में फ्रैक्चर पाया गया। इलाज के बाद डॉक्टरों ने कहा कि 18 अगस्त को उसे छुट्टी दे दी जाएगी।


