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Homeअन्यकविता-ग़ज़लकरूं मनुहार लक्ष्मी मां

करूं मनुहार लक्ष्मी मां

धन वैभव की दान दात्री, भिक्षु संसार लक्ष्मी मां।।

याचक जग तुमसे नित मांगे, भरो भंडार लक्ष्मी मां।

 सकल मनुज की पालन कर्ता, करो उपकार लक्ष्मी मां।।

कर में कमल नाम है कमला, सहृदय उदार लक्ष्मी मां।

 भक्त सभी जन तुम्हें बुलायें, करुण अवतार लक्ष्मी मां।।

मनुज मूढ़ संतान तुम्हारी, दिखाओ प्यार लक्ष्मी मां।

जग से विपदा तमस मिटाओ, करो उजियार लक्ष्मी मां।।

सब घर आंगन सजे रंगोली, कुशल परिवार लक्ष्मी मां।

“सजल” सभी घर मनें दिवाली, शुभम त्योहार लक्ष्मी मां।।

                              —सरोज सिंह ‘सजल’

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